📰 पूरी खबर:
देवास। थाना नेमावर पुलिस ने चोरी हुई मोटरसाइकिल बरामद कर दो आरोपियों को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। पुलिस ने ऑपरेशन त्रिनेत्रम के तहत नर्मदा घाट नेमावर एवं कस्बा नेमावर में लगे सीसीटीवी कैमरों की सहायता से आरोपियों की पहचान की।
प्राप्त जानकारी के अनुसार दिनांक 11 मई 2026 को फरियादी बलराम चौहान ने थाना नेमावर में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि वह अपने दोस्त के साथ नर्मदा घाट नेमावर स्नान करने आया था। उसने अपनी होंडा साइन मोटरसाइकिल क्रमांक MP47MM3878 माली धर्मशाला के पास खड़ी की थी। स्नान कर लौटने पर मोटरसाइकिल मौके से गायब मिली। अज्ञात व्यक्ति द्वारा चोरी किए जाने पर थाना नेमावर में अपराध क्रमांक 109/2026 धारा 303(2) बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर विवेचना में लिया गया।
पुलिस अधीक्षक देवास के निर्देश पर चोरी गई मोटरसाइकिल की बरामदगी एवं आरोपियों की तलाश हेतु तत्काल कार्रवाई की गई। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ग्रामीण श्रीमती सोम्या जैन एवं एसडीओपी कन्नौद श्री आदित्य तिवारी के मार्गदर्शन में पुलिस टीम गठित कर जांच शुरू की गई।
जांच के दौरान ऑपरेशन त्रिनेत्रम के तहत लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली गई, जिसमें दो युवक चोरी की मोटरसाइकिल ले जाते दिखाई दिए। आरोपियों के फोटो सोशल मीडिया ग्रुप एवं अन्य माध्यमों से प्रसारित किए गए। दिनांक 23 मई 2026 को सूचना मिली कि उक्त हुलिये के दो व्यक्ति बस स्टैंड दीपगांव के पास देखे गए हैं।
सूचना पर तत्काल पुलिस टीम मौके पर पहुंची। पुलिस को देखकर दोनों युवक भागने लगे, जिन्हें पुलिस एवं स्थानीय लोगों की मदद से घेराबंदी कर पकड़ा गया। पूछताछ में आरोपियों ने अपने नाम विवेक पिता मोहनलाल खरे उम्र 21 वर्ष निवासी ग्राम दीपगांव थाना नेमावर एवं अजय पिता मोहनलाल खरे उम्र 25 वर्ष निवासी कांकरिया थाना हरणगांव बताए।
दोनों आरोपियों ने फरियादी की होंडा साइन मोटरसाइकिल चोरी करना स्वीकार किया। पुलिस ने चोरी गई मोटरसाइकिल जप्त कर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपियों से अन्य अपराधों के संबंध में भी पूछताछ की जा रही है।
गिरफ्तार आरोपी
- विवेक पिता मोहनलाल खरे, उम्र 21 वर्ष, निवासी ग्राम दीपगांव थाना नेमावर
- अजय पिता मोहनलाल खरे, उम्र 25 वर्ष, निवासी कांकरिया थाना हरणगांव
जप्त मशरुका
होंडा साइन मोटरसाइकिल क्रमांक MP47MM3878
इस कार्रवाई में उप निरीक्षक अजय डोड, प्रधान आरक्षक ज्ञान सिंह यादव, दीपक पटेल, आरक्षक समरथ सोलंकी, आरक्षक रमन मिश्रा, सैनिक संदीप तोमर एवं नारायण का सराहनीय योगदान रहा।