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अनूपपुर 19 जून 2026/जिले में मातृ एवं शिशु मृत्यु दर में कमी लाने तथा गर्भवती महिलाओं को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से गुरुवार को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र कोयलारी, पुष्पराजगढ़ में विशेषज्ञता शिविर का आयोजन किया गया। कलेक्टर श्री हर्षल पंचोली एवं मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्रीमती अर्चना कुमारी के मार्गदर्शन में आयोजित इस शिविर में आगामी जून, जुलाई, अगस्त एवं सितंबर माह में संभावित प्रसव वाली गर्भवती महिलाओं का विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा स्वास्थ्य परीक्षण किया गया।

मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी एवं स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. अलका तिवारी तथा जिला स्तरीय स्वास्थ्य टीम की उपस्थिति में आयोजित शिविर में कुल 136 गर्भवती महिलाओं का पंजीयन कर उनकी विस्तृत जांच की गई। स्वास्थ्य परीक्षण के दौरान उच्च जोखिम वाली गर्भवती महिलाओं की पहचान कर उन्हें आवश्यक चिकित्सीय परामर्श एवं उपचार उपलब्ध कराया गया।

शिविर में 42 महिलाओं में मॉडरेट एनीमिया, 7 महिलाओं में सीवियर एनीमिया तथा 3 महिलाओं में गर्भावस्था के दौरान उच्च रक्तचाप (पीआईएच) की समस्या चिन्हित की गई। इन सभी महिलाओं को गुणवत्तापूर्ण उपचार, आवश्यक दवाइयां तथा विशेष निगरानी संबंधी सलाह प्रदान की गई, ताकि प्रसव पूर्व एवं प्रसव के दौरान संभावित जटिलताओं को रोका जा सके। इस अवसर पर गर्भवती महिलाओं को गर्भावस्था के दौरान दिखाई देने वाले गंभीर खतरे के लक्षणों के संबंध में भी जागरूक किया गया।

चिकित्सकों ने सलाह दी कि किसी भी प्रकार के जोखिमपूर्ण लक्षण दिखाई देने पर प्रसव की संभावित तिथि से सात दिन पूर्व जिला चिकित्सालय के बर्थ वेटिंग होम में भर्ती होकर सुरक्षित प्रसव सुनिश्चित करें। स्वास्थ्य विभाग की यह पहल मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य को सुदृढ़ बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण साबित हो रही है।