अनूपपुर 12 मई 2026/ मध्यप्रदेश सरकार मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं को अधिक प्रभावी, सुलभ और तकनीक-सक्षम बनाने की दिशा में निरंतर कार्य कर रही है। सुरक्षित मातृत्व केवल एक स्वास्थ्य सेवा नहीं, बल्कि हर माँ और नवजात के सुरक्षित भविष्य का संकल्प है। इसी उद्देश्य से प्रदेश में सुमन (SUMAN) हेल्प डेस्क एवं इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर जैसी व्यवस्थाओं को और अधिक मजबूत किया गया है।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के निर्देशानुसार मई 2026 से सुमन हेल्प डेस्क को 24×7 संचालित करने की नई व्यवस्था लागू की गई है। जिला प्रशासन एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा इसे प्रभावी रूप से क्रियान्वित किया जा रहा है। कलेक्टर श्री हर्षल पंचोली ने कहा है कि गर्भवती महिलाओं एवं नवजात शिशुओं को हर समय त्वरित स्वास्थ्य सहायता उपलब्ध कराना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
पूर्व में यह हेल्प डेस्क केवल कार्यालयीन समय तक सीमित थी, जिसके कारण रात्रिकालीन अथवा आपात परिस्थितियों में महिलाओं को कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था। अब यह सेवा चौबीसों घंटे उपलब्ध रहेगी, जिससे 104 टोल-फ्री नंबर पर किसी भी समय विशेषज्ञ परामर्श, स्वास्थ्य संबंधी जानकारी तथा आपातकालीन सहायता प्राप्त की जा सकेगी। साथ ही हाई रिस्क प्रेगनेंसी (HRP) मामलों की सतत निगरानी भी सुनिश्चित की जाएगी।
राज्य स्तरीय इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर से जुड़ी यह डिजिटल प्रणाली एएनएम एवं सीएचओ के साथ समन्वय स्थापित कर कार्य करेगी। किसी भी शिकायत या आपात स्थिति में हेल्प डेस्क द्वारा त्वरित समाधान एवं समयबद्ध रेफरल प्रक्रिया सुनिश्चित की जाएगी, जिससे दूरस्थ क्षेत्रों में रहने वाली गर्भवती महिलाओं तक भी समय पर स्वास्थ्य सेवाएँ पहुँच सकें।
कलेक्टर श्री हर्षल पंचोली ने बताया कि यह पहल जिले में मातृ एवं शिशु मृत्यु दर (MMR/IMR) को कम करने की दिशा में महत्वपूर्ण साबित होगी। तकनीक, संवेदनशील प्रशासन और सतत स्वास्थ्य सेवाओं के समन्वय से सुरक्षित मातृत्व को बढ़ावा मिलेगा तथा नागरिकों में स्वास्थ्य सुविधाओं के प्रति विश्वास और सुरक्षा की भावना और अधिक सुदृढ़ होगी।
