रिपोर्टर अजय नवरंग

तराना। नर्मदा-क्षिप्रा बहुउद्देशीय परियोजना में चोरी की वारदात का खुलासा करते हुए तराना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई में एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी के कब्जे से परियोजना के ओएमएस बॉक्स में लगे 28 पीएफसी एमडी वाल बरामद किए गए हैं। पुलिस आरोपी से अन्य चोरी की वारदातों के संबंध में भी पूछताछ कर रही है।

पुलिस अधीक्षक प्रदीप शर्मा के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) करणदीप सिंह तथा एसडीओपी राहुल कुमार खरे के मार्गदर्शन में जिले में चोरी एवं असामाजिक तत्वों के विरुद्ध लगातार अभियान चलाया जा रहा है।

पुलिस के अनुसार नर्मदा-क्षिप्रा बहुउद्देशीय परियोजना क्षेत्र में असामाजिक तत्वों द्वारा कार्य में व्यवधान उत्पन्न किए जाने की सूचना मिल रही थी। इसी दौरान 17 जुलाई 2026 को ग्राम नाटाखेड़ी-बगोदा स्थित परियोजना क्षेत्र में एक संदिग्ध युवक के घूमने की सूचना प्राप्त हुई। सूचना मिलते ही पुलिस ने परियोजना के अधिकारियों और कर्मचारियों के साथ संयुक्त रूप से घेराबंदी कर संदिग्ध को पकड़ लिया।

तलाशी के दौरान उसके कब्जे से परियोजना के ओएमएस बॉक्स में लगे 28 पीएफसी एमडी वाल बरामद हुए, जिन्हें उसने चोरी करना स्वीकार किया। पूछताछ में आरोपी ने अपना नाम दरबार सिंह पिता चरण सिंह गुर्जर, निवासी भैंसाखेड़ी, थाना टोंकखुर्द, जिला देवास बताया।

पुलिस ने आरोपी के विरुद्ध अपराध क्रमांक 457/2026 में धारा 303(5) भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) के तहत प्रकरण दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया। चोरी गया मशरूका जब्त कर लिया गया है तथा आरोपी से अन्य चोरी की घटनाओं के संबंध में भी गहन पूछताछ की जा रही है।

इनकी रही अहम भूमिका
इस कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक रामनारायण सिंह भदौरिया, उपनिरीक्षक हरिराम अंगोरिया, आरक्षक राजू गुर्जर एवं अमरदीप सिंह की सराहनीय भूमिका रही।