मध्यप्रदेश के अनूपपुर जिले में कोतमा के चर्चित इमारत हादसे के बाद प्रशासन लगातार सख्त कदम उठा रहा है। कलेक्टर श्री हर्षल पंचोली ने नगरपालिका परिषद कोतमा की उपयंत्री (सिविल) श्रीमती वंदना अवस्थी को गंभीर लापरवाही और अनुशासनहीनता के आरोप में तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।
गौरतलब है कि वार्ड क्रमांक-05, बस स्टैंड के पास स्थित तीन मंजिला “अग्रवाल लॉज” अचानक गिर गया था, जिसमें मलबे में दबकर 3 लोगों की मौत हो गई थी और 3 अन्य घायल हुए थे। इस घटना ने पूरे क्षेत्र में हड़कंप मचा दिया था।
जांच में सामने आया कि इमारत के पास अवैध रूप से बेसमेंट निर्माण के लिए गहरा गड्ढा खोदा गया था, जो करीब 15 दिनों से खुला पड़ा था। इसके बावजूद संबंधित अधिकारी द्वारा कोई कार्रवाई नहीं की गई।
शासन के ABPAS-3.0 सिस्टम के तहत भवन अधिकारी के रूप में नियुक्त श्रीमती वंदना अवस्थी की जिम्मेदारी थी कि वे अनाधिकृत निर्माण पर तत्काल कार्रवाई करें। मध्यप्रदेश भूमि विकास नियम, 2012 के नियम 7-(1) एवं 7(3) के तहत यह उनका कर्तव्य था, लेकिन उन्होंने अपने दायित्वों का निर्वहन नहीं किया।
प्रशासन ने इसे गंभीर कदाचार मानते हुए मध्यप्रदेश सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियम, 1966 के तहत निलंबन की कार्रवाई की है।
निलंबन अवधि में श्रीमती अवस्थी का मुख्यालय कलेक्टर कार्यालय, जिला शहरी विकास अभिकरण अनूपपुर निर्धारित किया गया है और उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता दिया जाएगा।
यह कार्रवाई कोतमा हादसे में जिम्मेदारी तय करने की दिशा में प्रशासन की सख्ती को दर्शाती है।